निषाद समाज की एकता और जागरूकता हेतु अयोध्या में भव्य कार्यक्रम आयोजित।
अयोध्या। निषाद नगर रेतिया स्थित पण्डारेवीर मंदिर परिसर में निषाद समाज की ओर से एकता और सामाजिक जागरूकता को लेकर एक विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता राहुल निषाद ने की, जबकि मंच संचालन का दायित्व सुनील निषाद ने निभाया।इस कार्यक्रम में देशभर से अनेक गणमान्य अतिथि उपस्थित रहे। मुख्य अतिथि के रूप में भारत सरकार की घुमंतू जनजाति समिति के सदस्य भरत भाई पटनी और प्रवीण गोगे मौजूद थे। साथ ही विशिष्ट अतिथि के रूप में प्रदेश अध्यक्ष श्यामवीर सिंह, मत्स्य पूजन प्रकोष्ठ के राष्ट्रीय प्रभारी कैलाश नाथ निषाद और समाज कल्याण अधिकारी रणविजय सिंह ने कार्यक्रम की गरिमा बढ़ाई।मुख्य अतिथियों का स्वागत निषाद समाज के अध्यक्ष संतोष निषाद द्वारा पारंपरिक अंग वस्त्र और पुष्पगुच्छ भेंट कर किया गया। इस अवसर पर राहुल निषाद के नेतृत्व में निषाद समाज की ओर से भरत भाई पटनी को एक ज्ञापन भी सौंपा गया।
ज्ञापन के माध्यम से समाज की यह प्रमुख मांग रखी गई कि उत्तर प्रदेश सहित पूरे भारतवर्ष में निषाद समाज की विभिन्न उपजातियां जैसे केवट, बिंद, धीमर, मल्लाह, गोंड, कश्यप, भुजवा, तुरहा, खरवार, मांझी आदि-मूलतः एक ही परंपरा, व्यवसाय और सांस्कृतिक विरासत से जुड़ी हैं, फिर भी प्रशासनिक अभिलेखों और जनगणना में इन्हें अलग-अलग दर्ज किया जाता है। इससे समाज को उनकी सही जनसंख्या और सामाजिक अधिकारों से वंचित रहना पड़ता है।
ज्ञापन में आग्रह किया गया कि इन सभी उपजातियों को निषाद नाम के अंतर्गत एकीकृत करते हुए राज्य पिछड़ा वर्ग की सूची में सम्मिलित करने की अनुशंसा भारत सरकार के सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्रालय को प्रेषित की जाए। इससे समाज को एक साझा पहचान मिलेगी और आगामी जनगणना में निषाद समाज की सभी उपजातियां एक ही जाति के रूप में दर्ज हो सकेंगी।कार्यक्रम में समाज के अनेक सदस्य उपस्थित रहे, जिनमें संतोष निषाद, राहुल निषाद, अमन निषाद उर्फ आकाश, श्याम बाबू निषाद, कुश निषाद, ध्रुव निषाद, अमन निषाद, पार्षद लवकुश निषाद, हरिकिशन निषाद, जिलेश निषाद, रोहित निषाद (प्रधान), विकास निषाद, नंदू निषाद आदि प्रमुख रूप से शामिल रहे।
Author: Rainbow News Hindustan
Mo.9414526432





