*रामलला की कृपा व योगी सरकार का अद्भुत संयोग*
*-पूरी तरह से वातानुकूलित व मॉड्यूलर ओटी वाला ट्रामा सेंटर तैयार*
प्राण प्रतिष्ठा पर मिला था 300 बेड अस्पताल का तोहफा, ध्वजारोहण पर उदघाटन को 110 बेड का ट्रामा सेंटर तैयार।
*-कारपोरेट जगत के अस्पतालों वाली फिलिंग देगा ट्रामा सेंटर*
अयोध्या। अयोध्या में भव्य मंदिर में रामलला के विराजमान होते ही शुभ घड़ियां आ रही हैं। खास तौर से योगी सरकार स्वास्थ्य सेवाओं में लगातार बढ़ोतरी करती जा रही है। प्राण प्रतिष्ठा के समय राजर्षि दशरथ मेडिकल कॉलेज में 300 बेड का अस्पताल व ट्रामा सेंटर की शुरुआत हुई थी। अब राम मंदिर के शिखर पर ध्वजारोहण का समय आया तो 110 बेड का ट्रामा सेंटर उदघाटन के लिए तैयार हो गया। तकरीबन 33 करोड़ की लागत से लगभग तैयार हो चुका ट्रामा सेंटर पूरी तरह से वातानुकूलित रहेगा। तीन मंजिला भवन के ग्राउंड फ्लोर पर दो मॉड्यूलर ओटी बनाई गई है। यहां प्रवेश करते ही एक रिसेप्शन की तरह काउंटर होगा। ट्रामा सेंटर का लुक पूरी तरह से कारपोरेट जैसा होगा।
रामनगरी में जहां भगवान रामलला की प्राण प्रतिष्ठा ने विश्व भर में आस्था का नया केंद्र स्थापित किया, वहां योगी आदित्यनाथ सरकार की दूरदर्शिता और विकास की गति एक अद्भुत संयोग रच रही है। अयोध्या को स्वास्थ्य सेवाओं का हब बना लेने की ठान ली है। इसी कड़ी में सबसे पहले रीडगंज चौराहे पर तीन सौ शैय्या मल्टीस्पेशलिटी हॉस्पिटल के निर्माण की घोषणा की। अब खबर आ रही है मेडिकल कालेज के परिसर में बनने वाला 110 बेड का ट्रामा सेंटर भी लगभग पूरी तरह से तैयार हो चुका है।
दुर्घटना पीड़ितों व इमरजेंसी केसों के लिए विशेष व्यवस्था
यह ट्रॉमा सेंटर शहर की बढ़ती आबादी और पर्यटकों की संख्या को देखते हुए अत्यंत आवश्यक है। प्राण प्रतिष्ठा के दौरान लाखों श्रद्धालुओं की आमद से स्वास्थ्य सेवाओं पर दबाव बढ़ा था और अब ध्वजारोहण जैसे बड़े आयोजनों को ध्यान में रखते हुए यह केंद्र आपातकालीन सेवाओं को मजबूत करेगा। ट्रॉमा सेंटर में 110 बेड की क्षमता होगी, जिसमें गंभीर दुर्घटना पीड़ितों, सर्जरी मामलों और इमरजेंसी केसों के लिए विशेष व्यवस्था की गई है। सबसे खास बात यह है कि फर्स्ट फ्लोर पर ही दो मॉड्यूलर ऑपरेशन थिएटर (ओटी) बनाए गए हैं। ये ओटी आधुनिक तकनीक से लैस हैं।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ करेंगे उदघाटन
अयोध्या मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य प्रो. डॉ. सत्यजीत वर्मा ने इसकी तैयारियों की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने बताया कि कार्यदायी संस्था राष्ट्रीय निर्माण निगम के अधिकारियों से लगातार समन्वय चल रहा है। नवंबर के दूसरे हफ्ते तक ट्रॉमा सेंटर का हैंडओवर पूरा कर लिया जाएगा। हैंडओवर से पहले भवन की तकनीकी जांच कराई जाएगी ताकि कोई कमी न रहे। इसके अलावा, इंस्ट्रूमेंट्स और फर्नीचर की खरीदारी जोरों पर है। तीन हफ्तों के अंदर सभी खरीदारी पूरी कर ली जाएगी। उद्घाटन का विशेष महत्व यह है कि इसे स्वयं मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से कराया जाएगा।
तीर्थयात्रियों की भी सुरक्षा होगी सुनिश्चित
यह ट्रॉमा सेंटर न केवल स्थानीय निवासियों के लिए वरदान साबित होगा, बल्कि राम मंदिर आने वाले करोड़ों तीर्थयात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित करेगा। अयोध्या में सड़क दुर्घटनाएं, भीड़भाड़ से जुड़े हादसे और अन्य आपात स्थितियां आम हैं। ऐसे में 110 बेड का यह केंद्र, जिसमें विशेषज्ञ डॉक्टरों की टीम, एडवांस्ड लाइफ सपोर्ट सिस्टम और डायग्नोस्टिक सुविधाएं होंगी, जीवन रक्षा में क्रांतिकारी भूमिका निभाएगा। मॉड्यूलर ओटी की सुविधा से जटिल सर्जरी तुरंत की जा सकेगी, और वातानुकूलित वातावरण मरीजों के रिकवरी को तेज करेगा।
Author: Rainbow News Hindustan
Mo.9414526432





